LPG Crisis: ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच चल रहे तनाव ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंताओं को बढ़ा दिया है. इस स्थिति ने खासतौर से होर्मुज स्ट्रेट के आसपास के शिपिंग रास्तों को प्रभावित किया है. मुश्किल वक्त से निपटने के लिए पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय एक पहले से तय प्राथमिकता प्रणाली का पालन करता है. आइए जानते हैं कि अगर एलपीजी की कभी कमी होती है तो किन क्षेत्रों को सबसे पहले एलपीजी और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति मिलेगी.
अस्पताल और स्वास्थ्य सेवाओं को सबसे ज्यादा प्राथमिकता
प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर अस्पताल और स्वास्थ्य संस्थान है. सरकारी और निजी दोनों तरह के अस्पताल मरीजों के लिए खाना बनाने और जरूरी सुविधाओं को बनाए रखने के लिए एलपीजी और दूसरी गैस की आपूर्ति पर काफी ज्यादा निर्भर रहते हैं. किसी भी परेशानी की स्थिति में सरकार इस बात को पक्का करती है कि चिकित्सा संस्थानों को ईंधन की आपूर्ति बिना किसी रुकावट के मिलती रहे.
रक्षा और सुरक्षा बल
अगली प्राथमिकता रक्षा और सुरक्षा प्रतिष्ठानों को दी जाती है. सेना की रसोई, कैंटीन और सुरक्षा बलों की मेस सुविधाओं के लिए गैस की आपूर्ति जारी रखी जाती है. यह सेवाएं सैन्य कर्मियों और सुरक्षा एजेंसी की ऑपरेशनल तैयारी को बनाए रखने के लिए जरूरी है.

उज्ज्वला योजना के लाभार्थी
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत आने वाले परिवारों को भी प्राथमिकता सूची में उच्च स्थान दिया गया है. यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को एलपीजी कनेक्शन देती है. आपूर्ति में किसी भी संकट के दौरान सरकार इस बात को पक्का करने की कोशिश करती है कि इन वंचित परिवारों को गैस सिलेंडर मिलते रहे.
घरेलू उपभोक्ता
इन जरूरी श्रेणियों के बाद प्राथमिकता सूची में आम घरेलू उपभोक्ताओं का नंबर आता है. घरेलू एलपीजी का इस्तेमाल रोजाना खाना पकाने के लिए जरूरी माना जाता है. इस वजह से सरकार आमतौर पर वैश्विक ऊर्जा बाजारों में रुकावट के दौरान भी पूरे देश में घरों तक इसकी लगातार आपूर्ति बनाए रखने की कोशिश करती है.
व्यावसायिक क्षेत्र को सबसे आखिर में प्राथमिकता
होटल, रेस्टोरेंट और बाकी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को प्राथमिकता सूची में सबसे नीचे रखा गया है. गंभीर कमी के दौरान इन व्यवसायों को आपूर्ति में कटौती या फिर एलपीजी की डिलीवरी में देरी का सामना करना पड़ सकता है. ऐसे मामलों में उन्हें अक्सर सलाह दी जाती है कि वह कुछ समय के लिए बिजली, इंडक्शन सिस्टम या फिर दूसरे ईंधनों का इस्तेमाल करें.
