धमतरी/ नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में धमतरी की विशेष पॉक्सो अदालत ने आरोपी राकेश मंडावी (28) को दोषी करार देते हुए प्राकृतिक जीवनकाल तक आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने आरोपी पर 5 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। साथ ही भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत 7 वर्ष और 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा भी सुनाई गई, जो साथ-साथ चलेगी।
यह मामला थाना केरेगांव के अपराध क्रमांक 20/2025 से संबंधित है। पुलिस विवेचना के दौरान एकत्र किए गए वैज्ञानिक एवं विधिसम्मत साक्ष्यों के आधार पर अभियोजन ने न्यायालय में आरोपी के खिलाफ अपराध सिद्ध कराया। न्यायालय ने आरोपी द्वारा जमा कराई गई अर्थदंड की राशि पीड़िता को उसके अभिभावक के माध्यम से प्रतिकर के रूप में दिए जाने का भी आदेश दिया है।

पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय ने बताया कि महिला एवं बाल अपराधों में त्वरित और गुणवत्तापूर्ण विवेचना के लिए जिले में विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस प्रकरण की प्रभावी विवेचना करने वाले तत्कालीन थाना प्रभारी निरीक्षक टुमन लाल टडसेना को उत्कृष्ट कार्य के लिए पुरस्कृत किए जाने की घोषणा की गई है।
धमतरी पुलिस ने कहा है कि महिला एवं बाल अपराधों के मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
