समाधान अकैडमी के करीब 55 छात्र-छात्राओं ने किया चौकी का शैक्षणिक भ्रमण, नवीन आपराधिक कानून से लेकर चार्जशीट तक दी गई जानकारी
धमतरी/ पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय (भा.पु.से.) के निर्देश पर जिले में सामुदायिक पुलिसिंग को मजबूत करने और विद्यार्थियों को कानून, सुरक्षा व्यवस्था एवं पुलिस की कार्यप्रणाली से अवगत कराने के उद्देश्य से जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में पुलिस चौकी करेली बड़ी द्वारा समाधान अकैडमी, करेली बड़ी के छात्र-छात्राओं के लिए शैक्षणिक भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में अकैडमी के करीब 55 छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने हिस्सा लिया। चौकी पहुंचने पर विद्यार्थियों को पुलिस की कार्यप्रणाली, विभिन्न पुलिस गतिविधियों और कानून-व्यवस्था से जुड़े विषयों की विस्तार से जानकारी दी गई। विद्यार्थियों ने पुलिस के कामकाज को करीब से समझा और अधिकारियों से विभिन्न विषयों पर सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया।
नवीन कानून और एफआईआर की प्रक्रिया समझी
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को देश में लागू नवीन आपराधिक कानूनों के प्रमुख प्रावधानों एवं बदलावों की जानकारी सरल भाषा में दी गई। साथ ही नागरिकों के अधिकार और कर्तव्यों से भी अवगत कराया गया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि किसी अपराध की सूचना मिलने के बाद एफआईआर दर्ज करने से लेकर विवेचना और आगे की वैधानिक कार्रवाई किस प्रकार की जाती है। विद्यार्थियों को पुलिस विवेचना के विभिन्न चरणों की भी जानकारी दी गई।

साक्ष्य संकलन से चार्जशीट तक की प्रक्रिया बताई
छात्र-छात्राओं को अपराध की विवेचना के दौरान साक्ष्य संकलन, संबंधित व्यक्तियों के बयान तथा अन्य आवश्यक कानूनी प्रक्रियाओं के बारे में समझाया गया। विवेचना पूरी होने के बाद न्यायालय में प्रस्तुत की जाने वाली चार्जशीट की प्रक्रिया की भी जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने बताया कि प्रत्येक अपराध की सूचना पर नियमानुसार कार्रवाई की जाती है और उपलब्ध साक्ष्यों एवं तथ्यों के आधार पर प्रकरण को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाता है।
महिला अपराधों और सुरक्षा को लेकर किया जागरूक
कार्यक्रम में महिला एवं बालिकाओं से संबंधित अपराधों तथा उनकी सुरक्षा के लिए पुलिस की भूमिका पर भी विशेष जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को बताया गया कि किसी महिला या बालिका से संबंधित शिकायत की स्थिति में पुलिस से किस प्रकार सहायता प्राप्त की जा सकती है।
छात्र-छात्राओं को महिलाओं एवं बालिकाओं के सम्मान, सुरक्षा और उनके अधिकारों के प्रति संवेदनशील रहने के लिए प्रेरित किया गया।
मुसाफिरों की जानकारी और पुलिस सत्यापन पर भी चर्चा
विद्यार्थियों को चौकी क्षेत्र में आने-जाने वाले मुसाफिरों की जानकारी संधारित करने तथा पुलिस द्वारा संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखने की प्रक्रिया के बारे में भी बताया गया। पुलिस सत्यापन में नागरिकों की भूमिका और क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था में इसके महत्व को समझाया गया।

नशे और असामाजिक गतिविधियों से दूर रहने की अपील
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए उनके प्रश्नों का समाधान किया। साथ ही उन्हें नशे एवं असामाजिक गतिविधियों से दूर रहने, कानून का पालन करने, महिलाओं एवं बालिकाओं का सम्मान करने तथा आसपास होने वाली संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी पुलिस को देने के लिए प्रेरित किया गया।
पुलिस चौकी की कार्यप्रणाली और कानून से जुड़ी जानकारी प्राप्त कर विद्यार्थी उत्साहित नजर आए। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को पुलिस की वास्तविक कार्यप्रणाली से परिचित कराने के साथ ही पुलिस के प्रति विश्वास एवं सहयोग की भावना विकसित करना और उन्हें कानून के प्रति जागरूक एवं जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करना रहा।
