OTP, UPI PIN, फर्जी लिंक और सोशल मीडिया फ्रॉड से बचाव के बताए तरीके; ठगी होने पर 1930 पर तत्काल शिकायत की अपील
धमतरी/ पुलिस अधीक्षक धमतरी भावना पाण्डेय के निर्देशन में जिले में चलाए जा रहे “साइबर जागृति अभियान” के तहत 02 सितंबर 2026 को विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। धमतरी पुलिस की टीमों ने बाजार चौक, साप्ताहिक बाजार और ग्राम पंचायत स्तर तक पहुंचकर आम नागरिकों को साइबर अपराधों से बचाव और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार की जानकारी दी।
ऑनलाइन ठगी से बचने बताए जरूरी उपाय
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीमों ने नागरिकों को OTP, UPI PIN, बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी, फर्जी लिंक, QR कोड, ऑनलाइन गेमिंग, सोशल मीडिया फ्रॉड, फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट, ऑनलाइन ब्लैकमेलिंग और डिजिटल ठगी के संबंध में विस्तार से जानकारी दी।
पुलिस ने लोगों को समझाया कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर OTP, UPI PIN या पासवर्ड साझा न करें। संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें और QR कोड स्कैन करने से पहले उसकी पूरी तरह जांच करें। सोशल मीडिया पर निजी जानकारी साझा करते समय भी विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई।
पुलिस ने स्पष्ट किया कि यदि कोई व्यक्ति साइबर ठगी का शिकार होता है तो बिना देरी किए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
बाजारों और गांवों तक पहुंचा साइबर जागरूकता अभियान
अभियान के तहत थाना अर्जुनी क्षेत्र के ग्राम मुजगहन एवं लोहरसी, थाना रुद्री क्षेत्र के ग्राम बेन्द्रानवागांव, थाना भखारा के साप्ताहिक बाजार, थाना मगरलोड के ग्राम गिरौद, चौकी करेली बड़ी के ग्राम कुण्डेल तथा थाना दुगली के ग्राम बांधा में पुलिस टीमों द्वारा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, बाजार आने वाले नागरिकों एवं आमजनों ने सहभागिता की। थाना भखारा के साप्ताहिक बाजार में करीब 200 लोगों, जबकि थाना मगरलोड के ग्राम गिरौद में लगभग 100 से 150 लोगों तक साइबर सुरक्षा का संदेश पहुंचाया गया।
पुलिस टीमों ने मौके पर मौजूद नागरिकों से ऑनलाइन लेन-देन के दौरान सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील की।

महिला एवं बालिका सुरक्षा पर भी विशेष जोर
धमतरी पुलिस द्वारा साइबर जागरूकता के साथ-साथ महिला एवं बालिका सुरक्षा, बच्चों के अधिकार तथा गुड टच-बैड टच के संबंध में भी लोगों और विद्यार्थियों को जागरूक किया जा रहा है।
बच्चों को बताया गया कि किसी भी प्रकार के असहज, गलत या अनुचित व्यवहार की स्थिति में चुप न रहें। ऐसी परिस्थिति में तत्काल अपने माता-पिता, शिक्षक या किसी विश्वसनीय व्यक्ति को जानकारी देने के लिए प्रेरित किया गया।
महिलाओं और बालिकाओं को भी डिजिटल माध्यमों के सुरक्षित उपयोग तथा सोशल मीडिया पर व्यक्तिगत जानकारी साझा करते समय सावधानी बरतने की समझाइश दी गई।
सतर्कता ही साइबर अपराध से बचाव का सबसे मजबूत हथियार
धमतरी पुलिस ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि साइबर अपराध से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय सतर्कता और जागरूकता है। ऑनलाइन लेन-देन करते समय सावधानी बरतें, बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें और किसी भी संदिग्ध लिंक या कॉल के झांसे में न आएं।
साइबर ठगी होने की स्थिति में समय गंवाए बिना 1930 पर तत्काल शिकायत करें।
धमतरी पुलिस का संदेश है— “आपकी सुरक्षा, हमारा संकल्प।”
