Breaking

धमतरी में हेरोइन (चिट्टा) बेचते युवक गिरफ्तार, पुलिस ने 34 हजार का सामान किया जब्त…

‘सेना भेजने की नहीं पड़ेगी जरूरत…’, अमेरिका-ईरान के बीच कब खत्म होगा युद्ध? ट्रंप ने तय कर दी आखिरी तारीख!

धमतरी में हीट अलर्ट जारी: बढ़ती गर्मी और उमस से लू का खतरा, स्वास्थ्य विभाग ने दी चेतावनी…

धमतरी में वन विभाग की बड़ी कार्रवाई: अवैध आम लकड़ी से भरा ट्रक जब्त, चालक के पास नहीं थे दस्तावेज…

धमतरी में पेट्रोल पंप पर छापा: 3100 लीटर अवैध डीजल जब्त, मिनी टैंकर समेत बड़ी कार्रवाई…

‘संविधान के खिलाफ’, नए धर्मांतरण कानून पर क्रिश्चियन समाज का सरकार के खिलाफ बड़ा विरोध…

अमेरिका-ईरान युद्ध के बीच ट्रंप ने पहली बार PM मोदी से की बात, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने पर हुई चर्चा…

खबर का असर: धमतरी में गैस सिलेंडर कालाबाजारी पर बड़ी कार्रवाई, अब तक 73 सिलेंडर जप्त…

विश्व क्षय दिवस पर धमतरी में “टीबी मुक्त भारत अभियान फेस-2” का आयोजन, महापौर रामू रोहरा रहे मुख्य अतिथि…

धमतरी पुलिस की सख्ती जारी: आदतन बदमाश कृष्णा नायक उर्फ बिट्टू जिला बदर…

धमतरी में अफीम खेती बयान पर सियासत तेज, BJP ने कहा – किसानों का अपमान, माफी मांगें…

पेपर लीक के बाद 12वीं हिंदी बोर्ड परीक्षा रद्द, 10 अप्रैल को फिर होगी परीक्षा…

कुरुद में सनसनी: नदी किनारे मिली युवक की लाश, हत्या या आत्महत्या?

शहर के रामबाग क्षेत्र में घर मे रखी गाड़ी से पेट्रोल चोरी….

AI की कीमत चुका रही है आपके फोन की बैटरी, जानें कैसे पड़ रहा है असर….

आवारा कुत्तों के हमले 15 हिरणों की मौत, वन विभाग की लापरवाही उजागर, 4 वनकर्मी निलंबित…

महापौर रामू रोहरा ने साहू समाज भवन विस्तार के लिए 35 लाख रुपये किए स्वीकृत…

चैत्र नवरात्र में अंगारमोती दाई मंदिर में उमड़ी आस्था, छप्पन भोग अर्पित…

धमतरी में अफीम खेती के आरोपों के बाद प्रशासन अलर्ट, सर्वे में नहीं मिला कोई मामला…

धमतरी में अवैध शराब परोसने वालों पर पुलिस का शिकंजा, सघन चेकिंग अभियान जारी…

तेल के बाद मिडिल ईस्ट में बिजली पर जंग! ईरान की गल्फ देशों को खुली धमकी- अमेरिकी ठिकानों को सप्लाई की तो……

गोकुलपुर पीएम विद्यालय में 10 लाख के शेड निर्माण से महापौर ने निभाई जनसेवा की प्रतिबद्धता…

धर्मांतरण के खिलाफ छत्तीसगढ़ में नया कानून पास, जानें जुर्माने का प्रावधान…

न्यूयॉर्क के La Guardia Airport के रनवे पर बड़ा हादसा, ट्रक से जा भिड़ा कनाडा एक्सप्रेस का प्लेन, कई घायल…

धमतरी में सरकारी जमीन पर अवैध प्लॉटिंग! विधायक ओंकार साहू का बड़ा खुलासा…

सबसे पहले यहां होती है नए साल की पहली दस्तक, जहां दुनिया से पहले बदलता है वक्त का कैलेंडर…

Share

2025 खत्म होने को है और कुछ ही दिनों में दुनिया नए साल का आगाज करेगी. लेकिन जब दुनिया के बड़े शहर 31 दिसंबर की रात में डूबे होते हैं, तब पृथ्वी के एक कोने में सूरज की किरणें नए साल का ऐलान कर चुकी होती हैं. यहां लोग जश्न में होते हैं, घड़ियां आगे बढ़ चुकी होती हैं और कैलेंडर पलट चुका होता है. यह जगह न न्यूजीलैंड है, न ऑस्ट्रेलिया. अब सवाल यही है कि आखिर वह कौन सा इलाका है, जो सबसे पहले ‘भविष्य’ में कदम रखता है? आइए जानें.

1/7
दुनिया में सबसे पहले नए साल का आगमन किरिबाती देश के किरितिमाती द्वीप पर होता है, जिसे क्रिसमस आइलैंड भी कहा जाता है. यह द्वीप प्रशांत महासागर में स्थित है और इंटरनेशनल डेट लाइन के सबसे आगे वाले समय क्षेत्र में आता है.
दुनिया में सबसे पहले नए साल का आगमन किरिबाती देश के किरितिमाती द्वीप पर होता है, जिसे क्रिसमस आइलैंड भी कहा जाता है. यह द्वीप प्रशांत महासागर में स्थित है और इंटरनेशनल डेट लाइन के सबसे आगे वाले समय क्षेत्र में आता है.
2/7
यही वजह है कि जब दुनिया के ज्यादातर हिस्से अभी 31 दिसंबर में होते हैं, तब किरितिमाती में 1 जनवरी की सुबह शुरू हो चुकी होती है. आम धारणा यह है कि न्यूजीलैंड या ऑस्ट्रेलिया सबसे पहले नया साल मनाते हैं, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है.
यही वजह है कि जब दुनिया के ज्यादातर हिस्से अभी 31 दिसंबर में होते हैं, तब किरितिमाती में 1 जनवरी की सुबह शुरू हो चुकी होती है. आम धारणा यह है कि न्यूजीलैंड या ऑस्ट्रेलिया सबसे पहले नया साल मनाते हैं, लेकिन यह पूरी तरह सही नहीं है.
3/7
न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया किरितिमाती के बाद नए साल में प्रवेश करते हैं. किरितिमाती इंटरनेशनल डेट लाइन के पूर्वी छोर पर स्थित है, इसलिए घड़ी और तारीख यहां सबसे पहले बदलती है. इसी कारण इसे दुनिया का पहला नया साल मनाने वाला स्थान माना जाता है.
न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया किरितिमाती के बाद नए साल में प्रवेश करते हैं. किरितिमाती इंटरनेशनल डेट लाइन के पूर्वी छोर पर स्थित है, इसलिए घड़ी और तारीख यहां सबसे पहले बदलती है. इसी कारण इसे दुनिया का पहला नया साल मनाने वाला स्थान माना जाता है.
4/7
इंटरनेशनल डेट लाइन पृथ्वी पर वह काल्पनिक रेखा है, जहां तारीख बदलती है. किरिबाती ने अपने समय क्षेत्र में बदलाव कर अपने कुछ द्वीपों को इस रेखा के आगे कर लिया था. इसका उद्देश्य प्रशासनिक सुविधा के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता बनाए रखना था. इसी फैसले ने किरितिमाती को यह खास पहचान दिलाई कि वह दुनिया में सबसे पहले नए साल का स्वागत करता है.
इंटरनेशनल डेट लाइन पृथ्वी पर वह काल्पनिक रेखा है, जहां तारीख बदलती है. किरिबाती ने अपने समय क्षेत्र में बदलाव कर अपने कुछ द्वीपों को इस रेखा के आगे कर लिया था. इसका उद्देश्य प्रशासनिक सुविधा के साथ-साथ राष्ट्रीय एकता बनाए रखना था. इसी फैसले ने किरितिमाती को यह खास पहचान दिलाई कि वह दुनिया में सबसे पहले नए साल का स्वागत करता है.
5/7
किरिबाती एक छोटा सा द्वीपीय देश है, जो प्रशांत महासागर में फैला हुआ है. इसमें कुल 33 द्वीप और एटॉल शामिल हैं. किरितिमाती इसका सबसे बड़ा द्वीप है और इसे दुनिया के सबसे बड़े कोरल द्वीपों में गिना जाता है. भूमि क्षेत्र के लिहाज से यह अनोखा द्वीप है, लेकिन आबादी बेहद कम है और यहां जीवन बेहद सादा है.
किरिबाती एक छोटा सा द्वीपीय देश है, जो प्रशांत महासागर में फैला हुआ है. इसमें कुल 33 द्वीप और एटॉल शामिल हैं. किरितिमाती इसका सबसे बड़ा द्वीप है और इसे दुनिया के सबसे बड़े कोरल द्वीपों में गिना जाता है. भूमि क्षेत्र के लिहाज से यह अनोखा द्वीप है, लेकिन आबादी बेहद कम है और यहां जीवन बेहद सादा है.
6/7
किरितिमाती और किरिबाती के अन्य द्वीपों पर रहने वाले लोग मुख्य रूप से माइक्रोनेशियाई संस्कृति से जुड़े हैं. उनकी जिंदगी समुद्र के इर्द-गिर्द घूमती है. मछली पकड़ना, नारियल और सीमित खेती यहां के लोगों की आजीविका का मुख्य साधन है. संसाधनों की कमी, स्वच्छ पानी और रोजगार यहां की बड़ी चुनौतियां हैं, फिर भी लोग अपनी संस्कृति और सामूहिक जीवन से जुड़े रहते हैं.
किरितिमाती और किरिबाती के अन्य द्वीपों पर रहने वाले लोग मुख्य रूप से माइक्रोनेशियाई संस्कृति से जुड़े हैं. उनकी जिंदगी समुद्र के इर्द-गिर्द घूमती है. मछली पकड़ना, नारियल और सीमित खेती यहां के लोगों की आजीविका का मुख्य साधन है. संसाधनों की कमी, स्वच्छ पानी और रोजगार यहां की बड़ी चुनौतियां हैं, फिर भी लोग अपनी संस्कृति और सामूहिक जीवन से जुड़े रहते हैं.
7/7
कठिन परिस्थितियों के बावजूद किरितिमाती के लोगों को एक बात का खास गर्व है. जब दुनिया का बड़ा हिस्सा अभी नींद में होता है, तब वे सूरज की पहली किरणों के साथ नए साल का स्वागत करते हैं. समुद्र किनारे छोटी सभाएं, पारंपरिक गीत-संगीत और सामूहिक प्रार्थनाएं यहां नए साल के जश्न का हिस्सा होती हैं. उनके लिए यह सिर्फ उत्सव नहीं, बल्कि अपनी विशिष्ट पहचान का प्रतीक है.
कठिन परिस्थितियों के बावजूद किरितिमाती के लोगों को एक बात का खास गर्व है. जब दुनिया का बड़ा हिस्सा अभी नींद में होता है, तब वे सूरज की पहली किरणों के साथ नए साल का स्वागत करते हैं. समुद्र किनारे छोटी सभाएं, पारंपरिक गीत-संगीत और सामूहिक प्रार्थनाएं यहां नए साल के जश्न का हिस्सा होती हैं. उनके लिए यह सिर्फ उत्सव नहीं, बल्कि अपनी विशिष्ट पहचान का प्रतीक है.

www.joharsagacg.com

जोहार सगा न्यूज़ – धमतरी का एक विश्वसनीय डिजिटल न्यूज़ पोर्टल है, जो शासन, समाज और जनहित से जुड़ी खबरों को सटीक, प्रमाणिक और तेज़ी से जनता तक पहुंचाने का कार्य करता है। हमारा उद्देश्य है – सच्चाई के साथ डिजिटल माध्यम से हर व्यक्ति तक जिम्मेदार पत्रकारिता पहुँचाना।

हाल की खबरे

  • All Post
  • एजुकेशन
  • क्राइम
  • छत्तीसगढ़
  • देश-दुनिया
  • धमतरी
  • नगर निगम
  • पॉलिटिक्स
  • मनोरंजन
  • मुख्य पृष्ट
  • स्पोर्ट्स
Edit Template

संपर्क करे

हमसे संपर्क करने के लिए नीचे दिए गए माध्यमों का उपयोग करें:

📞 फोन: 9303600826

✉️ ईमेल: upndrasahusss@gmail.com

📍 पता: भटगांव चौक गोकुलपुर वार्ड धमतरी तह व जिला धमतरी, छत्तीसगढ़, भारत

हम आपके व्यवसाय, ब्रांड या सेवाओं को स्थानीय और क्षेत्रीय स्तर पर प्रचारित करने का अवसर देते हैं।

हमारे विज्ञापन विकल्प:

डिस्प्ले बैनर विज्ञापन, सोशल मीडिया प्रमोशन

प्रायोजित लेख/समाचार


विज्ञापन अस्वीकरण

जोहार सगा न्यूज़ पोर्टल पर प्रकाशित किसी भी विज्ञापन का हम समर्थन नहीं करते। विज्ञापन में दिये गए उत्पाद, सेवाएँ और उनके लाभ विज्ञापन प्रदाताओं की जिम्मेदारी हैं। हमारा उद्देश्य केवल जानकारी देना है — किसी उत्पाद या सेवा से जुड़ी पुष्टि, उपयोगिता या प्रभाव की जिम्मेदारी हमारी नहीं है।

सोशल मिडिया पर हम

 

जोहार सगा न्यूज़ – जनता की आवाज़

धमतरी ज़िले का उभरता डिजिटल वेब न्यूज़ चैनल, जो शासन के नियमों का पालन करते हुए पानी, समाज और जनहित से जुड़े मुद्दों पर साफ-सुथरी पत्रकारिता करता है।

हमारा उद्देश्य है –

  1. जनता की रोज़ी-रोटी और जीवन से जुड़े सवाल शासन-प्रशासन तक पहुँचाना।
  2. सरकारी योजनाओं व नियमों की सटीक जानकारी गाँव-गाँव और शहर तक पहुँचाना।
  3. शिक्षा, रोजगार, खेती, निजीकरण, राजनीति और संस्कृति में बदलाव को उजागर करना।
  4. पानी, जंगल, ज़मीन और पर्यावरण पर जनजागरूकता लाना।

तेज़ रफ़्तार डिजिटल दौर में, “जोहार सगा न्यूज़” भरोसेमंद खबर सीधे आपके मोबाइल तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

“जोहार सगा न्यूज़ – जनता की आवाज़”

देखिए अब YouTube में