कलेक्टर अभिनाश मिश्रा बोले – प्रत्येक विभाग सुनिश्चित करे योजनाओं का जमीनी क्रियान्वयन
धमतरी/ जिला प्रशासन द्वारा दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर सभाकक्ष में “प्रोजेक्ट सक्षम” के अंतर्गत समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर श्री अभिनाश मिश्रा ने की।
कलेक्टर मिश्रा ने कहा कि “प्रोजेक्ट सक्षम केवल योजनाओं का समूह नहीं, बल्कि यह दिव्यांगजनों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का व्यापक अभियान है।” उन्होंने सभी विभागों को निर्देशित किया कि ग्राम पंचायत स्तर तक योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें, ताकि प्रत्येक दिव्यांगजन को उसकी व्यक्तिगत आवश्यकता के अनुरूप सहायता, प्रशिक्षण, रोजगार और पुनर्वास के अवसर मिल सकें।
स्वास्थ्य शिविर, उपकरण वितरण व सुलभ अधोसंरचना पर जोर
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि दिव्यांगजनों के लिए स्वास्थ्य जांच शिविरों का नियमित आयोजन, सहायक उपकरण वितरण, तथा प्रमाणन प्रक्रिया को सरल बनाया जाए। उन्होंने सार्वजनिक स्थलों पर सुलभ अधोसंरचना (रैंप, रेलिंग, टॉयलेट आदि) विकसित करने पर भी विशेष बल दिया।

विभिन्न विभागों की भागीदारी
बैठक में समाज कल्याण, उद्योग, खादी ग्रामोद्योग, एनआरएलएम, लाइवलीहुड मिशन, बड़ौदा आरसेटी और अंत्यावसायी विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी साझा की और भविष्य की कार्ययोजना पर चर्चा की।
प्रोजेक्ट ‘सक्षम’ का उद्देश्य
गौरतलब है कि भारत सरकार एवं राज्य शासन की संयुक्त पहल ‘प्रोजेक्ट सक्षम’ का उद्देश्य दिव्यांगजनों को स्वावलंबी, आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन प्रदान करना है। इस परियोजना के तहत शिक्षा, स्वास्थ्य, कौशल विकास, रोजगार, आर्थिक सहायता और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं को एकीकृत रूप से लागू किया जा रहा है।
प्रशासन की प्राथमिकता
कलेक्टर ने कहा कि “प्रत्येक दिव्यांगजन समाज का अभिन्न अंग है। उनके सशक्तिकरण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विभागों को समयबद्ध लक्ष्य तय कर कार्य करना होगा।”
बैठक से यह उम्मीद जताई जा रही है कि धमतरी जिले में दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के प्रयासों को नई दिशा मिलेगी और वे समान अवसरों के साथ समाज की मुख्यधारा में सक्रिय भूमिका निभा सकेंगे।
