Breaking

दिवाली पर मिठाई नहीं, 2,000 रुपये से कम में गिफ्ट करें ये टेक गैजेट्स…

PC गेमर्स का इंतजार जल्द हो सकता है खत्म, GTA 6 पर आई नई रिपोर्ट…

आपके ईयरबड्स भी हो सकते हैं गंदे, जानें कब और क्यों करें साफ…

वॉटर प्यूरीफायर का फिल्टर कब बदलना चाहिए, जानें किन संकेतों पर ध्यान दें?

क्या सच में सेफ हैं फ्री VPN ऐप्स, कहीं डेटा चोरी तो नहीं कर रहे?

सर्दियों में गीजर चलाने से पहले तुरंत कर लें ये काम, टल जाएगा बड़ा हादसा…

शराब घोटाले में कांग्रेस नेता पर ED की सप्लीमेंट्री चार्जशीट, संपत्ति अटैच…

नवोदय विद्यालय कुरूद में नशामुक्ति और साइबर जागरूकता कार्यक्रम, विद्यार्थियों को बताए बचाव के उपाय…

धमतरी में गरबा आयोजकों की बैठक, निगम आयुक्त ने सुरक्षा मानकों और यातायात व्यवस्था पर दिए निर्देश…

गंगरेल बांध में जल सत्याग्रह के तीसरे दिन 9 आंदोलनकारियों की बिगड़ी तबीयत, जिला अस्पताल में भर्ती…

राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में धमतरी पुलिस की पहल, विद्यार्थियों ने जाना थाने का कामकाज…

धमतरी पुलिस की कार्रवाई: कुरुद में सट्टा खिलाते 65 वर्षीय आरोपी गिरफ्तार, ₹3,100 नगद जब्त…

धमतरी में अवैध पटाखा कारोबार पर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 1.20 लाख रुपये के पटाखे जब्त…

धमतरी पुलिस की बड़ी कार्रवाई: 2019 से फरार अपहरण एवं दुष्कर्म का आरोपी रायपुर से गिरफ्तार, अलीगढ़ से पीड़िता बरामद…

WhatsApp पर अनजान कॉल का खतरा, तुरंत बदलें ये 2 Settings…

Jio से टक्कर के बीच मस्क का दांव, भारत में किफायती होगा Starlink?

धमतरी पुलिस की बड़ी कार्रवाई: ओडिशा के कत्लखाने ले जाए जा रहे 14 मवेशियों को कराया मुक्त, आरोपी गिरफ्तार…

दुनिया के साथ 6G की रेस में भारत, Jio ने जताई शुरुआती रोलआउट की उम्मीद…

धमतरी में ATM कार्ड बदलकर 90,500 रुपये की ठगी, कार्ड बंद कराने के बाद भी खाते से निकले 20,500 रुपये…

धमतरी: कार में 8 किलो गांजा बरामद, कुरुद पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार…

राष्ट्रीय एकता दिवस पर धमतरी पुलिस की अनूठी पहल, रक्षित केंद्र और थाना कुरूद में चलाया स्वच्छता अभियान…

महंगी चिप्स का iPhone 18 Pro पर असर, Apple ने 15% घटाए ऑर्डर…

धमतरी: पारिवारिक विवाद में पति पर हंसिया से हमला, सिर में आई चोट; जिला अस्पताल में इलाज जारी…

प्रीमियम फोन्स में अब कैमरों की टक्कर, 200MP पर दांव…

धमतरी: ई-रिक्शा चालक से मोबाइल झपटकर फरार आरोपी गिरफ्तार, चोरी का मोबाइल बरामद…

कैसे बनते हैं बादल, समुद्र से पानी कैसे सोखती हैं गर्म हवाएं? जानें मीठा पानी बरसने का प्रोसेस…

Share

आसमान में बादलों को देखकर हर किसी के मन में एक सवाल आता है कि आखिर ये बादल बनते कैसे हैं और जब बादल समुद्र के पानी को सोखकर बरसाते हैं, तब समुद्र का पानी तो खारा होता है, लेकिन बारिश का पानी मीठा कैसे हो जाता है? आइए इसे एक-एक करके आसान भाषा में समझते हैं.

1/6
दरअसल, इसकी पूरी प्रक्रिया शुरू होती है सूरज की गर्मी से. जब सूरज की तेज किरणें समुद्र, नदी, तालाब और झीलों के पानी पर पड़ती हैं तो पानी गर्म होकर वाष्प बन जाता है और हवा में जलवाष्प के रूप में मिल जाता है. यह जलवाष्प हल्की होती है, इसलिए वह ऊंचाई की तरफ उठने लगती है. इस पूरी प्रक्रिया को वाष्पीकरण कहा जाता है और यही वह पहला कदम है, जिससे बादल बनने की पूरी कहानी शुरू होती है.
दरअसल, इसकी पूरी प्रक्रिया शुरू होती है सूरज की गर्मी से. जब सूरज की तेज किरणें समुद्र, नदी, तालाब और झीलों के पानी पर पड़ती हैं तो पानी गर्म होकर वाष्प बन जाता है और हवा में जलवाष्प के रूप में मिल जाता है. यह जलवाष्प हल्की होती है, इसलिए वह ऊंचाई की तरफ उठने लगती है. इस पूरी प्रक्रिया को वाष्पीकरण कहा जाता है और यही वह पहला कदम है, जिससे बादल बनने की पूरी कहानी शुरू होती है.
2/6
अब सवाल यह आता है कि यह भाप बादल कैसे बन जाती है? बता दें कि जैसे-जैसे यह गर्म भाप ऊपर की तरफ उठती है तो ऊंचाई पर हवा का तापमान काफी कम होता जाता है. लगातार बढ़ती ऊंचाई के साथ तापमान करीब साढ़े पांच डिग्री कम होता जाता है, जिससे यह भाप ठंडी होने लगती है. ठंडी होते ही जलवाष्प के छोटे-छोटे कण हवा में मौजूद धूल के कणों के चारों ओर इकट्ठा होकर छोटी-छोटी पानी की बूंदों में बदल जाते हैं. यही प्रक्रिया संघनन यानी कंडेंसेशन कहलाती है.
अब सवाल यह आता है कि यह भाप बादल कैसे बन जाती है? बता दें कि जैसे-जैसे यह गर्म भाप ऊपर की तरफ उठती है तो ऊंचाई पर हवा का तापमान काफी कम होता जाता है. लगातार बढ़ती ऊंचाई के साथ तापमान करीब साढ़े पांच डिग्री कम होता जाता है, जिससे यह भाप ठंडी होने लगती है. ठंडी होते ही जलवाष्प के छोटे-छोटे कण हवा में मौजूद धूल के कणों के चारों ओर इकट्ठा होकर छोटी-छोटी पानी की बूंदों में बदल जाते हैं. यही प्रक्रिया संघनन यानी कंडेंसेशन कहलाती है.
3/6
ये छोटी-छोटी बूंदें मिलकर हवा में तैरने लगती हैं और हमें यही सफेद रंग के बादल के रूप में दिखाई देती हैं. जब बादल में पानी की बूंदें इतनी ज्यादा और भारी हो जाती हैं कि हवा उन्हें ऊपर नहीं रोक पाती, तब ये बूंदें नीचे गिरने लगती हैं, जिसे हम बारिश के नाम से जानते हैं.
ये छोटी-छोटी बूंदें मिलकर हवा में तैरने लगती हैं और हमें यही सफेद रंग के बादल के रूप में दिखाई देती हैं. जब बादल में पानी की बूंदें इतनी ज्यादा और भारी हो जाती हैं कि हवा उन्हें ऊपर नहीं रोक पाती, तब ये बूंदें नीचे गिरने लगती हैं, जिसे हम बारिश के नाम से जानते हैं.
4/6
अब बात करते हैं कि जब समुद्र का पानी खारा होता है तो फिर बादल बनकर बरसने वाला पानी मीठा कैसे होता है? बता दें कि जब समुद्र का पानी सूरज की गर्मी से वाष्प बनता है, तो उसमें घुला हुआ नमक पानी के साथ ऊपर नहीं उठता, बल्कि समुद्र में रह जाता है. असल में वाष्पीकरण की प्रक्रिया में सिर्फ शुद्ध पानी ही भाप बनकर हवा में उठता है, जिसमें नमक बिल्कुल नहीं रहता.
अब बात करते हैं कि जब समुद्र का पानी खारा होता है तो फिर बादल बनकर बरसने वाला पानी मीठा कैसे होता है? बता दें कि जब समुद्र का पानी सूरज की गर्मी से वाष्प बनता है, तो उसमें घुला हुआ नमक पानी के साथ ऊपर नहीं उठता, बल्कि समुद्र में रह जाता है. असल में वाष्पीकरण की प्रक्रिया में सिर्फ शुद्ध पानी ही भाप बनकर हवा में उठता है, जिसमें नमक बिल्कुल नहीं रहता.
5/6
यही वजह है कि जब यह वाष्प बादल बनकर बरसता है, तो बारिश का पानी पूरी तरह मीठा और पीने लायक होता है, चाहे वह वाष्प समुद्र के सबसे खारे पानी से ही क्यों न बनी हो.
यही वजह है कि जब यह वाष्प बादल बनकर बरसता है, तो बारिश का पानी पूरी तरह मीठा और पीने लायक होता है, चाहे वह वाष्प समुद्र के सबसे खारे पानी से ही क्यों न बनी हो.
6/6
यही कारण है कि नदियों, झीलों और झरनों का पानी भी हमेशा मीठा बना रहता है, क्योंकि यह सारा पानी आखिर में बारिश और ग्लेशियर से ही आता है. यानी पानी तो लगातार चक्र में घूमता रहता है, लेकिन नमक हमेशा समुद्र में ही बना रहता है.
यही कारण है कि नदियों, झीलों और झरनों का पानी भी हमेशा मीठा बना रहता है, क्योंकि यह सारा पानी आखिर में बारिश और ग्लेशियर से ही आता है. यानी पानी तो लगातार चक्र में घूमता रहता है, लेकिन नमक हमेशा समुद्र में ही बना रहता है.

www.joharsagacg.com

जोहार सगा न्यूज़ – धमतरी का एक विश्वसनीय डिजिटल न्यूज़ पोर्टल है, जो शासन, समाज और जनहित से जुड़ी खबरों को सटीक, प्रमाणिक और तेज़ी से जनता तक पहुंचाने का कार्य करता है। हमारा उद्देश्य है – सच्चाई के साथ डिजिटल माध्यम से हर व्यक्ति तक जिम्मेदार पत्रकारिता पहुँचाना।

Edit Template

संपर्क करे

हमसे संपर्क करने के लिए नीचे दिए गए माध्यमों का उपयोग करें:

📞 फोन: 9303600826

✉️ ईमेल: upndrasahusss@gmail.com

📍 पता: भटगांव चौक गोकुलपुर वार्ड धमतरी तह व जिला धमतरी, छत्तीसगढ़, भारत

हम आपके व्यवसाय, ब्रांड या सेवाओं को स्थानीय और क्षेत्रीय स्तर पर प्रचारित करने का अवसर देते हैं।

हमारे विज्ञापन विकल्प:

डिस्प्ले बैनर विज्ञापन, सोशल मीडिया प्रमोशन

प्रायोजित लेख/समाचार


विज्ञापन अस्वीकरण

जोहार सगा न्यूज़ पोर्टल पर प्रकाशित किसी भी विज्ञापन का हम समर्थन नहीं करते। विज्ञापन में दिये गए उत्पाद, सेवाएँ और उनके लाभ विज्ञापन प्रदाताओं की जिम्मेदारी हैं। हमारा उद्देश्य केवल जानकारी देना है — किसी उत्पाद या सेवा से जुड़ी पुष्टि, उपयोगिता या प्रभाव की जिम्मेदारी हमारी नहीं है।

सोशल मिडिया पर हम

 

जोहार सगा न्यूज़ – जनता की आवाज़

धमतरी ज़िले का उभरता डिजिटल वेब न्यूज़ चैनल, जो शासन के नियमों का पालन करते हुए पानी, समाज और जनहित से जुड़े मुद्दों पर साफ-सुथरी पत्रकारिता करता है।

हमारा उद्देश्य है –

  1. जनता की रोज़ी-रोटी और जीवन से जुड़े सवाल शासन-प्रशासन तक पहुँचाना।
  2. सरकारी योजनाओं व नियमों की सटीक जानकारी गाँव-गाँव और शहर तक पहुँचाना।
  3. शिक्षा, रोजगार, खेती, निजीकरण, राजनीति और संस्कृति में बदलाव को उजागर करना।
  4. पानी, जंगल, ज़मीन और पर्यावरण पर जनजागरूकता लाना।

तेज़ रफ़्तार डिजिटल दौर में, “जोहार सगा न्यूज़” भरोसेमंद खबर सीधे आपके मोबाइल तक पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

“जोहार सगा न्यूज़ – जनता की आवाज़”

देखिए अब YouTube में