ईरान दुनिया का सबसे बड़ा केसर उत्पादक देश है. वैश्विक केसर उत्पादन का करीब 90 प्रतिशत हिस्सा यहीं से आता है. मशहद, खोरासान, यज्द और काशान जैसे इलाकों में केसर बड़े पैमाने पर उगाया जाता है. शुष्क मौसम, खास मिट्टी और लंबा धूप वाला समय ईरान को उत्पादन के लिहाज से आगे रखता है. यहां सुपर नेगिन, सरगोल, पुशाल और दस्तेह जैसी कई किस्में मिलती हैं. इनमें सुपर नेगिन को सबसे प्रीमियम माना जाता है, जबकि बाकी किस्में मिड और लो क्वालिटी में आती हैं. केसर तो भारत में भी उगता है, तो फिर कहां का केसर बेस्ट है, चलिए जानें.
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भारत में केसर की खेती सिर्फ जम्मू-कश्मीर के पंपोर इलाके तक सीमित है. यही वजह है कि कश्मीरी केसर दुर्लभ भी है और महंगा भी. यहां उत्पादन कम है, लेकिन क्वालिटी को लेकर दुनिया भर में इसकी पहचान है. कश्मीर की ठंडी जलवायु और पारंपरिक खेती का तरीका केसर को खास बनाता है.
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केसर की सबसे बड़ी पहचान उसका रंग है. कश्मीरी केसर गहरे लाल रंग का होता है, क्योंकि इसमें क्रोसिन की मात्रा ज्यादा होती है. दूध या पानी में डालते ही यह सुनहरा पीला रंग छोड़ता है. ईरानी केसर का रंग भी अच्छा होता है, लेकिन कई किस्मों में यह थोड़ा हल्का पड़ जाता है, खासकर मशीन से सुखाए गए केसर में.
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असली केसर की खुशबू धीरे-धीरे फैलती है. बहुत तेज खुशबू अक्सर मिलावट की निशानी मानी जाती है. कश्मीरी केसर की खुशबू हल्की, फूलों जैसी और लंबे समय तक टिकने वाली होती है. स्वाद की बात करें तो कश्मीरी केसर हल्का कड़वा होता है, जो उसकी शुद्धता का संकेत है. ईरानी केसर तुलनात्मक रूप से थोड़ा कम कड़वा हो सकता है.
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ईरान में बड़े पैमाने पर उत्पादन होने के कारण सुखाने और पैकिंग में मशीनों का इस्तेमाल ज्यादा होता है. इससे हर बैच की क्वालिटी एक जैसी नहीं रहती. वहीं कश्मीर में केसर को आज भी हाथ से प्रोसेस किया जाता है और धूप में सुखाया जाता है. यही पारंपरिक तरीका इसके रंग, खुशबू और ताकत को बनाए रखता है.
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कश्मीरी केसर सीमित मात्रा में पैदा होता है, इसलिए यह महंगा होता है. इसका इस्तेमाल खास तौर पर खाने के साथ-साथ आयुर्वेदिक और औषधीय कामों में भी किया जाता है.
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ईरानी केसर बड़े पैमाने पर उपलब्ध है, इसलिए यह किफायती है और खाद्य उद्योग के साथ-साथ कॉस्मेटिक और दूसरे व्यावसायिक इस्तेमाल में ज्यादा जाता है.
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अगर उत्पादन की बात करें तो ईरान सबसे आगे है, लेकिन अगर रंग, खुशबू, स्वाद और शुद्धता को कसौटी मानें, तो कश्मीरी केसर को दुनिया का बेहतरीन केसर माना जाता है. कम मात्रा, पारंपरिक प्रोसेसिंग और ज्यादा क्रोसिन इसे खास बनाते हैं.
