आंकड़ों के मुताबिक प्रति व्यक्ति जीडीपी के आधार पर दक्षिण सूडान दुनिया का सबसे गरीब देश बना हुआ है. हालांकि पाकिस्तान अक्सर आर्थिक सुर्खियों में रहता है, लेकिन यह दुनिया के 5 सबसे गरीब देश में शामिल नहीं है. लेकिन इसके बावजूद इसका मतलब यह नहीं है कि हालात आसान हैं. पाकिस्तान अभी भी अर्थव्यवस्था के मामले में काफी दबाव में है. इसी बीच आइए जानते हैं दुनिया के पांच सबसे गरीब देशों के बारे में.
दुनिया के पांच सबसे गरीब देश
वैश्विक आर्थिक आंकड़ों के मुताबिक गरीबी उन क्षेत्रों में सबसे ज्यादा है जो संघर्ष, अस्थिरता और कमजोर बुनियादी ढांचे से प्रभावित हैं. इस सूची में दक्षिण सूडान सबसे ऊपर है. यह देश आजादी के बाद से ही लंबे समय से चले आ रहे गृह युद्ध और अस्थिरता से जूझ रहा है.
इसके बाद बुरुंडी देश आता है. यहां सीमित संसाधन और घनी आबादी की वजह से आर्थिक विकास काफी ज्यादा मुश्किल बना हुआ है. तीसरे स्थान पर मध्य अफ्रीकी गणराज्य आता है. काफी ज्यादा खनिज भंडार होने के बावजूद भी लगातार हो रही हिंसा की वजह से यह देश गरीबी के जाल में फंसा हुआ है.
चौथे स्थान पर डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ द कांगो आता है. यह देश संसाधनों से समृद्ध है, लेकिन इस देश की समस्या भ्रष्टाचार और संघर्ष है. पांचवें नंबर पर मोजाम्बिक देश आता है. राजनीतिक अशांति और प्राकृतिक आपदाओं की वजह से इस देश की प्रगति रुकी हुई है.

ये देश गरीब क्यों बने हुए हैं?
इन सभी देशों में एक आम पैटर्न देखने को मिलता है. यह पैटर्न है राजनीतिक अस्थिरता, संघर्ष, बुनियादी ढांचे की कमी और सीमित आर्थिक क्षेत्र पर निर्भरता. प्राकृतिक संसाधन होने के बावजूद भी कमजोर शासन व्यवस्था अक्सर इन संसाधनों को विकास में बदलने से रोकती है.
पाकिस्तान की स्थिति
पाकिस्तान वैश्विक स्तर पर सबसे गरीब 5 देशों की सूची में शामिल नहीं है. लेकिन इसकी स्थिति अभी भी चिंताजनक बनी हुई है. अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष और विश्व बैंक जैसे संसाधनों के अनुमानों के मुताबिक प्रति व्यक्ति जीडीपी के मामले में पाकिस्तान लगभग 145वें से 162वें स्थान के बीच आता है.
बढ़ती गरीबी और आर्थिक दबाव
पाकिस्तान के आर्थिक चुनौतियां उसकी गरीबों के आंकड़े में साफ दिखाई देती हैं. लगभग 25% आबादी गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन कर रही है. कुछ अनुमानों के मुताबिक सबसे ज्यादा गरीबी का स्तर इससे भी ज्यादा हो सकता है. महंगाई बढ़ने से रोजमर्रा की जरूरत की चीजें महंगी हो गई हैं. इसी के साथ पाकिस्तान भारी विदेशी कर्ज से भी जूझ रहा है. रिपोर्ट्स के मुताबिक इस देश का कर्ज लगभग 130 अरब डॉलर से भी ज्यादा है.
