धमतरी | धमतरी जिला मुख्यालय स्थित कलेक्टर कार्यालय में गुरुवार को नगरी क्षेत्र के बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं पहुंचे। ये सभी छात्र ‘द कम्पटीशन एकेडमी’ द्वारा संचालित SC और अग्निवीर भर्ती परीक्षा की निशुल्क कोचिंग कक्षाओं का लाभ ले रहे थे।
एकेडमी के माध्यम से धमतरी, नगरी और कुरूद में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू की गई ये कक्षाएं जिले के खासकर जंगल क्षेत्रों में रहने वाले युवाओं के लिए एक बड़ी पहल साबित हो रही थीं। लगभग 200 से अधिक छात्र-छात्राएं इसमें नियमित रूप से पढ़ाई कर रहे थे।
एक सप्ताह बाद बंद होने वाली थीं कक्षाएं, छात्रों ने लगाई गुहार
सूत्रों के अनुसार यह निशुल्क कोचिंग एक सप्ताह बाद बंद होने वाली थी। इसकी जानकारी मिलते ही नगरी क्षेत्र से छात्र-छात्राओं ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर कक्षाएं बंद न करने और इन्हें PSC स्तर की कोचिंग में परिवर्तित कर जारी रखने की मांग की। छात्रों का कहना था कि दूरस्थ व जंगल क्षेत्रों के युवाओं के लिए यह कोचिंग एक दुर्लभ अवसर है, जिससे उन्हें पहली बार प्रतियोगी परीक्षाओं की मार्गदर्शन सुविधा मिल रही है।
कलेक्टर ने लिया संज्ञान, कोचिंग जारी रखने के दिए निर्देश
कलेक्टर अविनाश मिश्रा ने छात्रों की मांग पर त्वरित संज्ञान लेते हुए एकेडमी संचालकों से चर्चा की और कक्षाओं को जारी रखने के निर्देश जारी किए। कलेक्टर के इस निर्णय से छात्रों में जबरदस्त उत्साह देखा गया। कई छात्रों ने कहा कि प्रशासन की यह पहल उनके भविष्य के लिए उम्मीद की किरण बनकर आई है।
शिक्षा क्षेत्र में दिख रहे बदलाव, छात्रों में उत्साह
कलेक्टर अविनाश मिश्रा के कार्यभार संभालने के बाद से जिले में शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं। खासकर दुर्गम क्षेत्रों के विद्यार्थियों को मुख्यधारा की प्रतियोगी परीक्षाओं से जोड़ने के लिए प्रशासन लगातार नई पहल कर रहा है। नगरी के छात्रों ने बताया कि उनकी मांग पूरी होने से खुशी की लहर दौड़ गई है। अब वे PSC सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी जारी रख सकेंगे।
जिले में बढ़ेगी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी
कलेक्टर ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में जिले में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए और भी कक्षाएं शुरू की जा सकती हैं, ताकि हर वर्ग और क्षेत्र के प्रतिभाशाली युवाओं को बेहतर अवसर मिल सके।
