धमतरी/ छत्तीसगढ़ में अधोसंरचना, उद्योग, पर्यटन और रोजगार के क्षेत्र में तेजी से विकास हो रहा है। इसी कड़ी में धमतरी जिले की महत्वाकांक्षी “ड्रीम कॉरिडोर परियोजना” को जिले के समग्र विकास की नई दिशा माना जा रहा है। जिला प्रशासन के अनुसार यह परियोजना केवल एक औद्योगिक पहल नहीं, बल्कि धमतरी के उज्ज्वल भविष्य की व्यापक विकास परिकल्पना है, जो आने वाले वर्षों में जिले को प्रदेश के अग्रणी औद्योगिक एवं पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करेगी।
परियोजना के अंतर्गत जिले में इंडस्ट्रियल साइट, औद्योगिक क्लस्टर एवं आधुनिक औद्योगिक पार्क विकसित किए जा रहे हैं। इस परियोजना में लगभग 5 हजार करोड़ रुपये के निवेश की संभावना जताई गई है, जिससे 6 हजार से अधिक युवाओं को प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की उम्मीद है।
वर्तमान में जिले में पशुपति फीड, गणेश गुलाल, फायर वर्क उद्योग, खादी उद्योग, सीड प्रोसेसिंग यूनिट, फूड प्रोसेसिंग यूनिट, फूड पार्क, वनोपज मार्केट, होलसेल मार्केट, सब्जी मार्केट, बीपीओ सेंटर, को-वर्किंग स्पेस एवं स्किल सेंटर जैसे विभिन्न क्षेत्रों में कार्य प्रारंभ हो चुके हैं। इसके अलावा हाला इलेक्ट्रिक व्हीकल इकाई, हॉकिंस प्रेशर कुकर इकाई तथा टेक्सटाइल इकाई की स्थापना के लिए भूमि चिन्हांकन की प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई है।

परियोजना में हरित विकास को प्राथमिकता देते हुए सौर ऊर्जा, बायोगैस प्लांट एवं पर्यावरण संरक्षण आधारित गतिविधियों को शामिल किया गया है। धमतरी ड्रीम कॉरिडोर की सबसे बड़ी विशेषता इसकी मजबूत कनेक्टिविटी मानी जा रही है। धमतरी राष्ट्रीय राजमार्ग नेटवर्क से जुड़ा हुआ है तथा भारतमाला परियोजना के अंतर्गत विकसित सड़क मार्ग जिले को अन्य राज्यों से सीधे जोड़ रहे हैं। रेल सेवा शुरू होने से परिवहन और व्यापारिक गतिविधियों को नई गति मिली है, वहीं रायपुर एयरपोर्ट की निकटता राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय संपर्क को मजबूत करेगी।
परियोजना के माध्यम से जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों को भी नई पहचान देने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। गंगरेल बांध, सिहावा स्थित महानदी उद्गम क्षेत्र, रूद्रेश्वर कॉरिडोर तथा प्रस्तावित इको टूरिज्म विलेज को आधुनिक पर्यटन सुविधाओं और बेहतर सड़क संपर्क के साथ विकसित किया जा रहा है। इससे स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ-साथ क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि “ड्रीम कॉरिडोर परियोजना धमतरी जिले की संभावनाओं को नई पहचान देने वाली महत्वाकांक्षी पहल है। जिला प्रशासन निवेश, अधोसंरचना विकास, पर्यटन संवर्धन और स्थानीय युवाओं के कौशल विकास को एकीकृत दृष्टिकोण से आगे बढ़ा रहा है। यह परियोजना रोजगार सृजन के साथ-साथ जिले की सामाजिक एवं आर्थिक प्रगति में मील का पत्थर साबित होगी।”
